जबलपुर जिला अस्पताल से रिटायर्ड नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. हेमलता श्रीवास्तव ने एक ट्रस्ट के सदस्यों द्वारा उन पर ध्यान नहीं देने की बात कही है। बताया कि उन्हें भूखा रखा जाता था। प्यास लगने और बार-बार मांगने पर तीन चम्मच पानी दिया जाता था। इंडियन मेडिकल काउंसिल की स्थानीय शाखा के हस्तक्षेप के बाद प्रशासन ने छानबीन शुरू कर दी है।
