रायपुर के सूटकेस मर्डर कांड में दैनिक भास्कर को एक नया एक्सक्लूसिव CCTV वीडियो मिला है। इसमें आरोपी लाश को बिल्डिंग से उतारकर बाहर ले जाते दिख रहे हैं। बिल्डिंग में रहने वाले एक युवक ने इसे खुद देखा भी। युवक ने बताया कि, मेरे सामने ही हत्यारों ने पेटी को लिफ्ट से उतारकर घसीटा, फिर कार में रखा। जब लिफ्ट में बदबू फैल गई तो मुझे शक भी हुआ। फिर उसने गार्ड को सूचना दी। लाश ले जा रहे लोग मुंह में कपड़ा बांधे हुए थे। ऐश्वर्य की आंखोंदेखी जानिए दैनिक भास्कर से बातचीत में ऐश्वर्य कसार ने बताया कि, मैं इंद्रप्रस्थ कॉलोनी के फेस-2 के डी ब्लॉक में 6वें मंजिल में रहता हूं। रविशंकर यूनिवर्सिटी में एमबीए की पढ़ाई कर रहा हूं। 23 जून की सुबह साढ़े 9 बजे के करीब लाइब्रेरी जा रहा था। पावर बैंक घर में भूल गया तो वापस लौटा। इस दौरान लिफ्ट के पास से मुंह में कपड़ा बांधे हुए दो युवक बाहर निकले। वो भारी भरकम पेटी को घसीटकर बाहर निकाल रहे थे। उनके निकलने के बाद लिफ्ट में चढ़कर वो वापस ऊपर गया। तो लिफ्ट के अंदर तेज बदबू आ रही थी। इसलिए उसे शक हुआ। उसने ऊपर की मंजिल से नीचे झांककर देखा तो तीन युवक और एक युवती पेटी को कार में चढ़ा रहे थे। कुछ देर मशक्कत करने के बाद पेटी को डिक्की में डाला। फिर वहां से निकल गए। कुछ घंटे बाद जब मर्डर की बात पता चली तो ऐश्वर्य ने फौरन गार्ड को इसकी सूचना दी। जानिए क्या है पूरा मामला ? दरअसल, 23 जून को रायपुर के रायपुरा की इंद्रप्रस्थ कॉलोनी फेज-2 के पास पेटी में रखकर युवक की सड़ी लाश फेंकी गई थी। दोपहर बाद से पूरे इलाके में लाश की गंध इतनी फैल रही थी कि, शाम होते-होते लोग झाड़ियों में देखने पहुंच गए। वहां ट्रंक देखकर उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने जब ट्रंक खुलवाया तो शव सूटकेस में ठूंसा हुआ मिला। सूटकेस में सीमेंट का प्लास्टर था। फोरेंसिक एक्सपर्ट के अनुसार, सीमेंट का मोटा प्लास्टर करने से लाश सड़ने पर दुर्गंध नहीं आती। हत्यारों ने इसी वजह से कत्ल के बाद युवक की लाश को ट्रंक में ठूंसा, फिर उसमें सीमेंट का प्लास्टर किया। इसके बाद चेन लगाकर सूटकेस बंद किया, फिर भी जब दुर्गंध आने लगी तो पकड़े जाने के डर से सूटकेस को पेटी में रखकर इंद्रप्रस्थ के सुनसान इलाके में फेंक दिया। कार इंद्रप्रस्थ कॉलोनी से सुबह 9.50 बजे निकली आरोपी ने प्लानिंग के तहत लाश को कार से लेकर गए। कार इंद्रप्रस्थ कॉलोनी से सुबह 9.50 बजे निकली। इसमें दो लोग सवार दिख रहे हैं। इसके अलावा 2 ईवी सवार भी संदिग्ध है। जिस अल्टो कार में लाश ले जाई गई, उसमें दूसरी कार सेंट्रो का नंबर है। यह नंबर विजय भूषण के नाम पर दर्ज है। रजिस्ट्रेशन 20 साल पुराना है। झाड़ियों में जहां लाश भरी पेटी फेंकी गई है, वहां से करीब 100 मीटर दूर बस्ती है। पुलिस बोली- दिल्ली से दो गिरफ्तार हुए इस मामले में रायपुर SSP डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि, मृतक युवक की पहचान हांडी पारा निवासी किशोर पैंकरा के रूप में हुई है। मामले में दो आरोपी पति-पत्नी अंकित उपाध्याय और शिवानी शर्मा को गिरफ्तार किया गया है। अंकित पेशे से वकील है। लाश फेंकने ले जाते वक्त पति और पत्नी CCTV कैमरे में कैद हुए थे। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों रायपुर एयरपोर्ट से दिल्ली फरार हो गए थे। जहां पर दिल्ली क्राइम ब्रांच और सीआईएसएफ की मदद से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इन्हें रायपुर लाया जा रहा है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ के बाद आगे का खुलासा करेगी। …………………………………. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… रायपुर में रिटायर्ड ASI के बेटे-बहू ने किया मर्डर: सूटकेस में भरी युवक की लाश, सीमेंट डालकर प्लास्टर, फिर पेटी में डाला; दिल्ली से गिरफ्तार छत्तीसगढ़ के रायपुर में सोमवार सुबह यूपी के मेरठ जैसी वारदात को अंजाम दिया गया। धारदार हथियार से एक युवक का गला काटा, फिर शव को सूटकेस के अंदर डाला और सीमेंट का मोटा प्लास्टर चढ़ा दिया। मामले में पुलिस ने रिटायर्ड एएसआई के बेटे अंकित उपाध्याय और उसकी पत्नी शिवानी शर्मा को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। पढ़ें पूरी खबर…
