रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने ईस्टर्न इकोनॉमिक फोरम के एक कार्यक्रम में रूस-भारत-चीन के RIC ग्रुप के रिश्तों पर बात की। उन्होंने कहा कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने भारत और चीन के रिश्तों को “ड्रैगन और हाथी” का डांस बताया था। उन्होंने मजाक में कहा कि मीडिया ने इसमें भालू को रूस के सिंबल के तौर पर जोड़ दिया। जबकि हमारे (रूस) पूर्वी इलाके में अमूर बाघ है, जो दुनिया का सबसे बड़ा बाघ है। पुतिन ने अमेरिका पर तंज कसते हुए कहा कि उनका प्रतीक “दो सिर वाला ईगल” पूर्व और पश्चिम देखता है, लेकिन दक्षिण की ओर नहीं देखता। RIC का गठन 1998 में रूस ने किया था ताकि ये तीनों देश मिलकर ग्लोबल मुद्दों पर काम करें और ब्रिक्स जैसे गठबंधनों को मजबूत करें। हाथी ताकत तो ड्रैगन सौभाग्य- समृद्धि का प्रतीक मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारत में हाथी को ताकत, समझदारी और अच्छाई का प्रतीक माना जाता है। भगवान गणेश जो बुद्धि और समृद्धि के देवता हैं, उनके साथ भी हाथी जुड़ा है। जैसे हाथी धीरे-धीरे चलता है, लेकिन बहुत ताकतवर होता है और मजबूती से चलता है, वैसे ही भारत धीरे-धीरे दुनिया में अपनी ताकत बढ़ा रहा है। वहीं, चाइना डेली के मुताबिक, चीन में ड्रैगन को ताकत, सौभाग्य और शक्ति का प्रतीक माना जाता है। चीनी कहानियों में ड्रैगन एक शक्तिशाली प्राणी है, जो बारिश और समृद्धि लाता है। ड्रैगन चीन की संस्कृति और पहचान का बड़ा हिस्सा है। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… विदेश मंत्रालय बोला- भारत ने इंसानियत के लिए पाकिस्तान को बाढ़ की जानकारी दी भारत ने कहा है कि वह इंसानियत के आधार पर पाकिस्तान को बाढ़ से जुड़ी जानकारी दे रहा है, भले ही सिंधु जल संधि को रोक दिया गया हो। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि भारत इस्लामाबाद में अपने दूतावास के जरिए पाकिस्तान को बाढ़ का डेटा भेज रहा है। जायसवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा- हम जरूरत पड़ने पर पाकिस्तान को बाढ़ की जानकारी दे रहे हैं। यह काम हमारे दूतावास के जरिए हो रहा है। भारत और आसपास के इलाकों में भारी बारिश हो रही है, इसलिए हम इंसानियत के नाते यह मदद कर रहे हैं। भारत ने पिछले महीने भी 25 अगस्त को जम्मू-कश्मीर की तवी नदी में बाढ़ के हालात को देखते हुए मानवीय आधार पर पाकिस्तान को इसकी जानकारी दी थी। यह कदम पूरी तरह से मानवीय सहायता के मकसद से उठाया गया था। इस्लामाबाद में भारतीय हाई कमीशन ने पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय को बाढ़ की जानकारी दी था। यह पहला मौका था जब इस तरह की जानकारी हाई कमीशन के जरिए साझा की गई। आमतौर पर, सिंधु जल संधि के तहत बाढ़ से जुड़ी चेतावनी दोनों देशों के वाटर कमिश्रर के बीच शेयर की जाती थी। 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ सख्त कदम उठाए थे। इनमें सिंधु जल संधि को रोकना भी शामिल था। भारत ने कहा था कि खून और पानी एक साथ नहीं बह सकते। भारत का कहना है कि जब तक पाकिस्तान आतंकवाद को पूरी तरह बंद नहीं करता, यह संधि रुकी रहेगी। इसी साल मई में भारत के ऑपरेशन सिंदूर के बाद से दोनों देशों में बातचीत लगभग बंद है। अमेरिका में हुंडई फैक्ट्री पर इमिग्रेशन अधिकारियों का छापा, 450 लोग पकड़े गए अमेरिका के इमिग्रेशन अधिकारियों ने जॉर्जिया के एल्लाबेल में हुंडई की फैक्ट्री पर छापा मारा और 450 लोगों को पकड़ा। यह कार्रवाई शुक्रवार को हुई। अधिकारियों का कहना है कि यह छापा गलत तरीके से नौकरी देने और अन्य अपराधों की जांच के लिए था। यह फैक्ट्री सवाना शहर से करीब 48 किमी दूर है। अमेरिकी होमलैंड सिक्योरिटी डिपार्टमेंट ने कहा- हम जॉर्जिया के लोगों के लिए नौकरियां बचाना चाहते हैं, कानून मानने वाली कंपनियों को बराबर मौका देना चाहते हैं और कामगारों का शोषण रोकना चाहते हैं। हुंडई ने कहा कि वह इस घटना के बारे में जानती है और स्थिति पर नजर रख रही है। कंपनी का कहना है- पकड़े गए लोग हमारे सीधे कर्मचारी नहीं हैं, बल्कि थर्ड पार्टी के जरिए काम करते हैं। दक्षिण कोरिया की सरकार ने इस छापे पर नाराजगी जताई है। उन्होंने अमेरिका से कहा कि उनके नागरिकों के अधिकारों का ध्यान रखा जाए। यह छापा हुंडई और एलजी की एक बैटरी फैक्ट्री पर हुआ था।
