रोहतास में गुरुवार की सुबह रेड लाइट एरिया में पुलिस ने छापेमारी की। इस दौरान नटवार बाजार स्थित एक रेड लाइट एरिया से 41 नाबालिग लड़कियां और 4 लड़के को बरामद किया गया है। छापेमारी के दौरान कई डांसर मौके से फरार हो गई, जिसकी तलाश की जा रही है। 41 लड़कियां छत्तीसगढ़ की रहने वाली हैं। वहीं, 4 लड़के बिहार के रोहतास के रहने वाले हैं। इसके साथ ही मौके पर से 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। सभी आरोपी बिहार के रहने वाले हैं, जो लड़कियों के परिवार से कॉन्टैक्ट रखते थे। लड़कियां पार्टी से जितना कमाती थीं, उस रकम से कुछ हिस्सा परिवार वाले को आरोपी दे देते थे। फिलहाल इन सभी से पूछताछ की जा रही है। बाल कल्याण समिति के सदस्य गगन पांडे ने बताया- ‘सभी लड़कियां गरीब परिवार से आती हैं। इस वजह से संचालकों ने पैसों की लालच देकर लड़कियों को बुला लिया। कुछ लड़कियों को 50 हजार तो किसी को 30-40 हजार में खरीदा। धीरे-धीरे सभी लड़कियां पैसों की वजह से इस दलदल में आई हैं।’ दूसरे राज्यों से लाई गई थीं लड़कियां मामले में रोहतास SP रोशन कुमार ने बताया, ‘बुधवार की देर रात पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि जिले के नटवार थाना क्षेत्र में दूसरे राज्यों से नाबालिग लड़कियों को लाकर डांस और गलत काम करवाया जाता है।’ ‘पुलिस ने एक NGO की मदद से छापा मारा है। 45 नाबालिग लड़के-लड़कियों को बचाया गया। उनकी उम्र और बाकी जानकारी की जांच की जा रही है। ये लोग दूसरे राज्यों से लड़कियों को लाते थे। उन्हें जबरदस्ती अलग-अलग कामों में लगाते थे।’ बाल कल्याण समिति में पेश हुए सभी नाबालिग पुलिस ने नटवार थाना क्षेत्र से छुड़ाए सभी लड़के-लड़कियों को सासाराम स्थित बाल कल्याण समिति के समक्ष पेश किया है। इस दौरान सभी नाबालिग बच्चों की उम्र और अन्य चीजों का सत्यापन किया जा रहा है। इसके बाद तुरंत कार्रवाई की जाएगी। 50 हजार में परिवार वालों ने बेचा बाल कल्याण समिति के सदस्य गगन पांडे ने बताया, ‘ये सभी लड़कियां करीब 2 साल से इस दलदल में फंसी थी। किसी के माता-पिता 50 हजार की चाहत में उसे किसी और के साथ सोने को मजबूर कर दिया..तो किसी के पेरेंट्स ने अपनी बच्चियों को दूसरे के सामने डांस करने के लिए मजबूर कर दिया।’ गगन पांडे ने कहा- इन लड़कियों से पहले तो ऑर्केस्ट्रा में डांस करवाया गया। इसके बाद जब ये लड़कियां धीरे-धीरे ट्रेंड होने लगीं तो इनको कस्टमर को दिया जाने लगा। इस दौरान उन लड़कियों के साथ गलत काम भी होता था। इस कस्टमर से जो पैसे मिलते थे, वो आधे लड़की के परिजन के पास जाते थे। पुलिस कार्रवाई से रेड लाइट इलाकों में हड़कंप इधर रोहतास पुलिस की कड़ी कार्रवाई से जिले के कई रेड लाइट इलाकों में हड़कंप मचा हुआ है। सभी रेड लाइट इलाकों में अन्य राज्यों से लड़कियां लाने वाले कई गिरोह सक्रिय है। जो पुलिस की कार्रवाई से सहमे हुए हैं। हालांकि एसपी ने इन रैकेटों का पर्दाफाश करने की बात कही है और इसमें शामिल अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। —————————————- ये खबर भी पढ़ें… 14 नाबालिगों का रेस्क्यू, बोलीं- कस्टमर के पास भेजते थे:रील बनाती थी, एल्बम में काम दिलाने के बहाने ऑर्केस्ट्रा में बुलाया; बिहार-बंगाल, UP की लड़कियां छपरा में ऑर्केस्ट्रा में काम कर रही 14 नाबालिग लड़कियों का रेस्क्यू किया गया है। ऑर्केस्ट्रा की आड़ में इनसे गंदा काम करवाया जाता था। मंगलवार की सुबह 4 बजे पुलिस की टीम ने छापेमारी की और लड़कियों को बचाया। 14 लड़कियां में 6 पश्चिम बंगाल, 5 उत्तर प्रदेश और 3 बिहार की रहने वाली हैं। इन लड़कियों को छपरा के परसा, अमनौर और गड़खा में अलग-अलग ऑर्केस्ट्रा संचालकों के यहां छापेमारी कर रेस्क्यू किया गया है। पूरी खबर पढ़ें…
