छत्तीसगढ़ के केशकाल की प्रतिभावान छात्रा संजोली जैन ने बार काउंसिल ऑफ इंडिया की अखिल भारतीय बार परीक्षा (AIBE) उत्तीर्ण कर ली है। इस सफलता के साथ उन्हें देश की किसी भी अदालत में वकालत करने का अधिकार मिल गया है। संजोली ने अपनी शिक्षा की शुरुआत शिप्रा विद्यालय से की। उन्होंने 11वीं और 12वीं की पढ़ाई सरस्वती शिशु मंदिर से पूरी की। इसके बाद कांकेर के महाविद्यालय से स्नातक किया। उन्होंने बीएससी एलएलबी और एलएलएम की पढ़ाई भी सफलतापूर्वक पूरी की है। AIBE परीक्षा में सफलता के बाद बार काउंसिल ऑफ इंडिया उन्हें प्रैक्टिस सर्टिफिकेट (COP) जारी करेगा। यह सर्टिफिकेट वकालत करने के लिए जरूरी है। संजोली की इस उपलब्धि पर उनके माता-पिता शशि जैन और सपना जैन सहित पूरे जैन समाज में खुशी का माहौल है। बार काउंसिल ऑफ इंडिया की यह परीक्षा देशभर में वकालत के लिए अनिवार्य है। इस परीक्षा को पास करने के बाद ही कोई विधि स्नातक कानूनी प्रैक्टिस कर सकता है। संजोली की सफलता से क्षेत्र के अन्य छात्रों को भी प्रेरणा मिलेगी।
