रोहिणी का ओपन मायोमेटिमी बीमारी का ऑपरेशन हुआ था। पेट से ढाई किलो की गठान निकाली थी। रोहिणी से जुड़े लोगों का भी यही कहना है कि बीमारी के बाद से वह परेशान थी। इसका असर खेल पर भी पड़ा था। रोहिणी की ज्यादातर बातें कोच विजेंद्र खरसोदिया और मध्य प्रदेश जुजित्सु संघ के उपाध्यक्ष प्रीतम सिंह से होती थी।
