देश में बुनियादी ढांचे और आर्थिक विकास के नाम पर बड़े पैमाने पर होने वाली पेड़ों की कटाई को लेकर राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण (एनजीटी) ने ऐतिहासिक और कड़ा रुख अपनाया है। एनजीटी की प्रिंसिपल बेंच का मानना है कि वर्तमान में सड़कों और अन्य निर्माण कार्यों के लिए लाखों पेड़ काटे जा रहे हैं। केवल पौधरोपण से पुराने और विशाल पेड़ों की कमी नहीं की जा सकती है।
