बता दें कि इससे पहले ग्रामीण क्षेत्रों में ग्रामीणों की निजी भूमि पर पेड़ कटाई की अनुमति देने का अधिकार ग्राम पंचायत के सरपंच को दिया गया था। राजस्व विभाग के राजपत्र के अनुसार, ग्रामीण क्षेत्र में पेड़ों को काटे जाने के लिए पटवारी की रिपोर्ट पर ग्राम पंचायत को अधिकृत किया गया था।
