मध्य प्रदेश में लगाए जा रहे स्मार्ट मीटर के लिए उपभोक्ताओं को 10 साल तक किस्त जमा करनी पड़ सकती है। यह दावा आपत्तिकर्ता एडवोकेट राजेंद्र अग्रवाल ने किया है। उनका कहना है कि तीन तरह के टैरिफ मिलाकर एक मीटर में करीब 10 साल में तक उपभोक्ता करीब 25 हजार रुपये देने होंगे।
